⛰️
ग्वालियर रोड · लालपुरा की ओर

टिक्सी मंदिर

मराठा काल का शिव मंदिर · कहते हैं इसकी चोटी स्टेशन के प्लेटफ़ॉर्म जितनी ऊँची है

ऊँचाई पर बना शिव मंदिर, जिसे मराठा सरदार के ज़माने में बनवाया बताया जाता है। ऊपर से पूरी घाटी और बीहड़ों का नज़ारा दिखता है — और यही यहाँ की असली बात है।

एक मज़ेदार बात जो स्थानीय लोग बताते हैं: मंदिर की चोटी और इटावा रेलवे स्टेशन के प्लेटफ़ॉर्म की ऊँचाई एक बराबर है। चढ़ाई खड़ी है, इसलिए ऊपर पहुँचकर यक़ीन भी हो जाता है।

सावन और महाशिवरात्रि में यहाँ अच्छी-ख़ासी भीड़ जुटती है। बाक़ी दिनों में यह जगह शांत रहती है — जो शायद बेहतर है।

मराठा काल
निर्माण का समय
शिव
मंदिर
ऊँचाई
घाटी का नज़ारा
सावन
सबसे भीड़
अच्छा समय: शाम, सूरज ढलते वक़्त — नज़ारे के लिए। चढ़ाई है, बुज़ुर्गों के साथ हो तो समय लेकर जाओ।
🗺️ रास्ता देखो शेयर करो

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

टिक्सी मंदिर कहाँ है?
ग्वालियर रोड · लालपुरा की ओर। मराठा काल का शिव मंदिर · कहते हैं इसकी चोटी स्टेशन के प्लेटफ़ॉर्म जितनी ऊँची है
टिक्सी मंदिर जाने का सबसे अच्छा समय क्या है?
अच्छा समय: शाम, सूरज ढलते वक़्त — नज़ारे के लिए। चढ़ाई है, बुज़ुर्गों के साथ हो तो समय लेकर जाओ।
टिक्सी मंदिर का इतिहास क्या है?
ऊँचाई पर बना शिव मंदिर, जिसे मराठा सरदार के ज़माने में बनवाया बताया जाता है। ऊपर से पूरी घाटी और बीहड़ों का नज़ारा दिखता है — और यही यहाँ की असली बात है। एक मज़ेदार बात जो स्थानीय लोग बताते हैं: मंदिर की चोटी और इटावा रेलवे स्टेशन के प्लेटफ़ॉर्म की ऊँचाई एक बराबर है। चढ़ाई खड़ी है, इसलिए ऊपर पहुँचकर यक़ीन भी हो जाता है…

इटावा में और भी

पास ही ये जगहें हैं — एक ही दिन में कई हो सकती हैं।

सभी 15 जगहें देखो →

अकेले मत जाओ 🚶

घुमक्कड़ी मंडली इसी के लिए है — साथ में जाओ, ख़र्च बँटेगा और मज़ा दोगुना।

मंडली में जुड़ो